फूड विभाग की विसंगतियों के खिलाफ विरोध प्रदर्शन

फूड विभाग की विसंगतियों के खिलाफ विरोध प्रदर्शन

फूड एक्ट का लाइसेंस न पाए जाने पर सजा का प्राविधान खत्म किया जाये:नवनीत गुप्ता शोंटू
18 सूत्रीय ज्ञापन मुख्य कार्यकारी अधिकारी दिल्ली के नाम संबोधित मांगपत्र सहायक आयुक्त ग्रेड 2 सी एल यादव को किया प्रेषित

बदायूं। उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल उत्तर प्रदेश के प्रांतीय आहवान पर जिलाध्यक्ष नवनीत गुप्ता शोंटू,प्रदेश मंत्री अवधेश वर्मा एवं जिला महामंत्री हाजी राशिद सैफी के संयुक्त नेतृत्व में दर्जनों व्यापारियों ने फूड विभाग की विसंगतियों को लेकर गगनभेदी नारो के साथ विरोध प्रदर्शन करते हुए मुख्य कार्यकारी अधिकारी

खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम,
नई दिल्ली के नाम संबोधित 18 सूत्रीय मांगपत्र जिला मुख्यालय स्थित खाद्य सुरक्षा एवं औषधि कार्यालय पर सहायक आयुक्त ग्रेड 2 सी एल यादव को प्रेषित किया
जिलाध्यक्ष नवनीत गुप्ता शोंटू ने मांग करते हुए कहा कि सभी प्रकार खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम में रजिस्ट्रेशन के लिए 12 लाख टर्न ओवर के स्थान पर 40 लाख वार्षिक टर्न ओवर तक का काम करने वाले व्यापारियों की रजिस्ट्रेशन की सीमा में रखा जायें साथ ही खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम में फूड एक्ट का लाइसेंस न पाए जाने पर सजा का प्राविधान खत्म किया जाये
सभी ऑनलाइन व फूड चेन सप्लाई डिलीवरी करने वाले व्यक्तियों के खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के नियमों के अनुसार रजिस्ट्रेशन व लाइसेंस बनवाये जाने के आदेश पारित किया जाए
प्रदेश मंत्री पवन जैन ने कहा कि प्रत्येक जिले में एक ही रजिस्ट्रेशन अर्थोरिटी नियुक्त किया जाए एवं किसी भी प्रकार की कमी पाई जाने पर सिर्फ पैकिंग करने वाले फर्म या कम्पनी को ही दोषी माना जाए, होलसेलर व रिटेलर को दण्डित न किया जाये। ऑनलाइन फूड सप्लाई चेन की सैम्पलिंग भी नियमानुसार की जाये, जिससे आम जनता को सही सामान मिलना सुनिश्चित हो सके।
प्रदेश मंत्री अवधेश वर्मा ने कहा कि खाद्य सुरक्षा अधिकारियों को निर्देश जारी किये जाऐं कि सैम्पिल भरे जाते समय फार्म-5 क पूरी तरह से भरकर व्यापारी को मौके पर उपलब्ध कराऐं तथा सैम्पिल के लिए प्राप्त किये गये सामान का भुगतान व्यापारी को करना सुनिश्चित करें एवं सील बंद वस्तु की संपलिंग की जाने की दशा में निर्माता को फार्म 5 क पंजीकृत डाक द्वारा तुरंत भेजा जाए तथा सैम्पलिंग के समय व्यापार मण्डल के पदाधिकारियों को मौके पर बुलाया जाए
जिला महामंत्री हाजी राशिद सैफी ने कहा कि फर्जी शिकायतों के आधार पर की जा रही सैम्पलिंग बन्द की जाए। शिकायतकर्ता की सत्यता की जांच व मिलावट के पुख्ता सबूत होने पर ही सैम्पलिंग की जाए साथ ही औद्योगिक इकाइयों में केन्द्रीय लाइसेंस होने पर केन्द्रीय खाद्य सुरक्षा अधिकारी व प्रान्तीय खाद्य सुरक्षा अधिकारी दोनों विभागों द्वारा अलग-अलग जॉच, सर्वे सैम्पलिंग के अधिकार दिए गए हैं एक देश एक कानून एक अधिकारी एक दफ्तर की व्यवस्था को लागू किया जाए।
जिला कोषाध्यक्ष अमित वैश्य ने कहा कि अंधाधुंध कीटनाशक व रासायनिक खादों का प्रयोग खेती में किया जा रहा है। सिंचाई के लिए प्रयोग किये जाने वाला जल पूरी तरीके से दूषित हो चुका है, जिससे हमारे यहॉ के खेती से प्राप्त होने वाले खाद्ययान में रासायन व कीटनाशक भारी मात्रा में पाए जा रहे हैं, जिससे कैंसर जैसी घातक बीमारियों को बढ़ावा मिल रहा है इसलिए वर्तमान परिस्थिति के अनुसार खाद्य पदार्थों के मानक तय किये जायें तथा कृषि विभाग को खेती में प्रयोग होने वाले कीटनाशक व रासायनिक खाद के मानक होने के बाद ही व्यापारियों के सैम्पिल भरे जाएं।
जिला उपाध्यक्ष रूपेंद्र सिंह लाम्बा सुरक्षा एवं मानक अधिनियम में निर्माताओं से ऑनलाइन सालाना व छमाही रिटर्न मॉगी जा रही है। निर्धारित समय पर जमा न करने पर रू 100 प्रतिदिन लेट फीस लगाई जा रही है 5 करोड़ तक टर्न ओवर वाले निर्माताओं से ऑनलाइन सालाना व छमाही रिटर्न की व्यवस्था समाप्त की जाए जानकारी के अभाव में बहुत सारे व्यापारी समय से एनुवल रिटर्न (डी-वन फार्म) नहीं जमा कर पाए हैं। ऐसे व्यापारियों से भारी जुर्माना वसूला जा रहा है
समाधान योजना चलाकर पिछला जुर्माना माफ किया जाये तथा जुर्माने के रूप में जमा कराई गई धनराशि व्यापारी को वापिस की जाए।
नगर चेयरमैन दिनेश गुप्ता ने कहा कि खाद्य विश्लेषण अधिकारी द्वारा मानको के आधार पर नमूना फ़ेल होने पर अधोमानक की जगह असुरक्षित लिख कर रिपोर्ट भेजी जा रही है इसलिए जब तक नमूने की जांच में कोई हानिकारक वस्तु न पायी जाए, नमूने को असुरक्षित घोषित न किया जाए
प्रदेश मंत्री भूपेंद्र गुप्ता ने कहा कि प्रशासनिक अधिकारी अपर जिला मजिस्ट्रेट आदि को न्याय निर्णयक अधिकारी राज्य सरकार द्वारा अधिसूचित किये गये हैं। प्रशासनिक अधिकारी प्रशासनिक कार्यों में व्यस्त रहते हैं, जिससे न्याय निर्णय में समय लगता है। समय लगने से व्यापारी उत्पीड़न को बढ़ावा मिलता है तथा तकनीकी जानकार न होने के कारण प्रशासनिक अधिकारी मात्र अधिकतम जुर्माना वसूल करना चाहते हैं वह वाद को गुण दौषों के आधार पर तय करने की इच्छा नहीं रखते
जिला उपाध्यक्ष जावेद खान ने कहा कि खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के सभी मामलों को अदालतों में भेजा जा रहा है। एक्ट में दी गई धारा-69 के अनुसार अधिकांश मामलों को शमन शुल्क जमा कराकर समाप्त किया जा सकता है शमन शुल्क व्यवस्था लागू करने से सरकार पर भी अनावश्यक मुकदमों के बोझ का भार कम होगा
नगर उपाध्यक्ष देवेंद्र गुप्ता ने कहा कि खाद्यय सुरक्षा व मानक अधिनियम में अपीलों की सुनवाई के लिए जिला जज को अधिकृत किया गया है, जिससे अपीलकर्ता को न्याय मिलने में अधिक समय लगता है। खाद्यय सुरक्षा एवं मानक अधिनियम-2006 की धारा-70 के अनुसार खाद्यय सुरक्षा अपील अभिकरण की स्थापना की जाये, जिसमें सिर्फ खाद्यय सुरक्षा एवं मानक अधिनियम की सुनवाई हो
विरोध प्रदर्शन में जिला महामंत्री संजीव आहूजा, जिलाध्यक्ष उद्योग मंच सर्वेश गुप्ता, राजेश गुप्ता , संजय रस्तोगी, दीपक सक्सेना, संजय शर्मा, नितिन गुप्ता, कुलदीप वैश्य, मनोज गुप्ता आदि मौजूद रहे


