
राम प्रारंभ संघर्ष और अंत है_सुनील राठौर

आज मीरा सराय स्थिति मन्दिर प्रांगण में विश्व हिंदू परिषद् द्वारा राम महोत्सव मनाया गया। कार्यक्रम का आरंभ भगवान राम के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलित और राम और राम स्तुति से हुआ। मुख्य वक्ता पूर्व जिलाध्यक्ष विश्व हिंदू परिषद् एवं भाजपा कार्यसमिति सदस्य सुनील राठौर एवं कार्यक्रम अध्यक्ष नीरज रस्तोगी जी, जिला अध्यक्ष विश्व हिंदू परिषद् बदायूं, उपस्थित रहे। कार्यक्रम का आयोजन नीरज कोचर जी कोषाध्यक्ष विहिप बदायूं के द्वारा किया गया, कार्यक्रम का संचालन एवं परिचय जिला मंत्री विनय प्रताप जी विहिप के द्वारा किया गया। मुख्य वक्ता ने कहा राम के जीवन में कोई भेदभाव कभी रहा ही नहीं, फिर समाज में ऐसा भेदभाव कहा से आया।कौन लोग हैं जो हिन्दू समाज को जातियों के टुकड़े में बांटकर हमें अलग करने की साज़िश रच रहे हैं। यह बातें सोचने और विचार करने की बात है। सुनील राठौर ने कहा राम आदर्श, जीवन नियम, संयम, और मर्यादा की सीमा है, राम प्रारंभ, संघर्ष, और अंत है। यह बिन्दु ही राम को मर्यादा पुरुषोत्तम राम बनाते हैं। जिलाध्यक्ष नीरज जी ने राम ही राष्ट्र है। राम ही जीवन की दिनचर्या है। एवं सफल आयोजन पर आयोजकों को एवं समस्त हिंदू समाज को धन्यवाद और राम महोत्सव की शुभकामनाएं दी।





