शहीदों के बलिदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता : हाजी रईस अहमद

बदायूँ । स्वतंत्रता दिवस के पावन पर्व पर इस्लामिया इंटर कॉलेज के निकट रसाज ग्राउंड में रसाज़ ग्रुप के चेयरमैन उद्योगपति समाजसेवी हाजी रईस अहमद द्वारा ध्वजारोहण एवं रंगा-रंग सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया उक्त कार्यक्रम में स्वतंत्रता सेनानियों एवं गरीब असहाय बच्चों तथा विकलांगों को उपहार देकर सम्मानित कर उनका उत्साहवर्धन किया गया,ध्वजारोहण कर कार्यक्रम प्रारंभ किया गया तत्पश्चात राष्ट्रीय गान से कार्यक्रम आरंभ हुआ कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पूर्व राज्यसभा सांसद अली अनवर अंसारी रहें।
कार्यक्रम में आए अतिथियों को हाजी रईस अहमद द्वारा बुके एवं माला एवं प्रतीक चिन्ह देकर सम्मानित किया गया,कार्यक्रम में उपस्थित पूर्व सांसद धर्मेंद्र यादव के निजी सचिव विपिन कुमार यादव एवं प्रतिनिधि अवधेश आनंद को भी उद्योगपति हाजी रईस अहमद द्वारा सम्मानित किया गया
मुख्य अतिथि पूर्व राज्यसभा सांसद अली अनवर ने हाजी रईस अहमद को शानदार कार्यक्रम के लिए बधाई देते हुए कहा आप जैसी शख्सियत की बदायूं को बेहद ज़रूरत है, उनकी राजनीति पर आने पर खुशी ज़ाहिर की तथा उपस्थित जनसमूह से यह अपील की हाजी रईस अहमद के हाथों को मजबूत करके तकदीर और तस्वीर बदले में आप पूर्ण सहयोग प्रदान करें, श्री अनवर ने कहा राजनीति में हाजी रईस अहमद जैसी साफ-सुथरी छवि के व्यक्ति की राजनीति में बेहद आवश्यकता है और बदायूँ की आम का भी दायित्व बनता है कि बदायूं की आवाम को ऐसी साफ-सुथरी छवि के व्यक्ति को अपना रहनुमा बनाकर अपनी नुमाइंदगी कराएं श्री अनवर ने कहा करीब दो सौ सालों की गुलामी के बाद साल 1947 में जब भारत आजाद हुआ तो उसमें कई स्वतंत्रता सेनानियों ने अपनी जान की आहुति दी। इसके बाद से हर साल 15 अगस्त को भारत की स्वतंत्रता की वर्षगांठ के रूप में मनाया जाता है। इस दिन हम अपने राष्ट्र गौरव तिरंगे को सम्मान देते हैं, साथ ही उन वीर स्वतंत्रता सेनानियों को भी याद करते हैं जिनकी वजह से भारत को आजादी मिली थी, पूर्व राज्यसभा सांसद ने कहा भारत एक ऐसा देश है जहां करोड़ों लोग विभिन्न धर्म, परंपरा और संस्कृति के एक साथ रहते है और स्वतंत्रता दिवस के इस उत्सव को पूरी खुशी के साथ मनाते हैं। इस दिन, भारतीय होने के नाते, हमें गर्व करना चाहिये और ये वादा करना चाहिये कि हम किसी भी प्रकार के आक्रमण या अपमान से अपनी मातृभूमि की रक्षा के लिये सदा देशभक्ति से पूर्णं और ईंमानदार रहेंगे।

कार्यक्रम के आयोजक रसाज़ ग्रुप के चेयरमैन उद्योगपति एवं समाजसेवी हाजी रईस अहमद ने आए हुए अतिथियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा आप सभी ने आकर हमारे कार्यक्रम की शोभा को बढ़ाया हैं, आपका ऋणी रहूंगा, श्री अहमद ने कहा बदायूं औलिया अल्लाह की सरज़मी है बदायूं में बड़ी-बड़ी महान हस्तियों ने जन्म लिया हैं, देश में बदायूँ शकील बदायूंनी, फ़ानी बदायूँनी सहित अन्य महान हस्तियों के नाम से जाना जाता हैं, बदायूं में रजिया सुल्तान ने भी जन्म लिया इसलिए भी बदायूँ कि देश में अपनी अलग पहचान हैं,
हाजी रईस अहमद ने कहा कि जो आपके जन प्रतिनिधि हैं उनकी जवाब देही होना चाहिए आपसे चुनाव के समय उन्होंने जो आपसे वादे किए थे उनपर वो कितने खरें उतरे हैं उन वादों का आपको हिसाब लेना चाहिए और और आपका जनप्रतिनिधि आपका सेवक होता है तो उसके लिए आपके मन में किसी भी तरह का डर या खौफ़ नहीं होना चाहिए क्योंकि वह आपका सेवक है,लेकिन हकीकत में ऐसा नहीं होता हैं,जो कि बिल्कुल गलत हैं चुनाव से से पहले जिस व्यक्ति की कुछ भी आर्थिक स्थिति नहीं होती है चुनाव जीतने के बाद कुछ ही समय में उसकी आर्थिक स्थिति इतनी ज़्यादा मज़बूत कैसे हो जाती है इसका जवाब जनता को जानने का पूरा अधिकार है जब तक जनता जागरूक नहीं होगी इस तरह के गलत राजनीतिक लोग अपने निजी स्वार्थ के लिए भ्रष्टाचार फैलाते रहेंगे आपकी आर्थिक स्थिति दिन बा दिन और खराब होती जाएगी इसीलिए हाजी रईस अहमद ने जनता से अपील कि आप जागरूक बनिए अपने अधिकारों की लड़ाई बड़ी मजबूती के साथ लड़यें और कहा कि प्रत्येक वर्ष भारत 15 अगस्त को अपना स्वतंत्रता दिवस मनाया जाता है। 1947 में आज दिन भारत ने यूनाइटेड किंगडम से स्वतंत्रता प्राप्त की थी। इस दिन का भारतीय इतिहास में उल्लेखनीय स्थान है क्योंकि यूनाइटेड किंगडम की संसद द्वारा भारतीय संविधान सभा को विधायी संप्रभुता प्रदान की गई थी,स्वतंत्रता दिवस भारत के सबसे महत्वपूर्ण त्योहारों में से एक हैं आज का दिन हमें स्वतंत्रता की भावना में आनन्दित होने की अनुमति देता है,यह हमारा 75 वां स्वतंत्रता दिवस समारोह है, आज से ठीक 75 वर्ष पूर्व,हमे आज़ादी मिली थी। हमारे आजादी के संघर्ष की गाथा बहुत बड़ी है जिसका वर्णन एक दिन में नहीं हो सकता है। हर भारतीय के लिए स्वतंत्रता दिवस बहुत महत्व रखता है।

श्री अहमद ने कहा आज से 75 वर्ष पूर्व हम पर अंग्रेजों का शासन था,वे व्यापार के बहाने भारत आए और धीरे-धीरे सब कुछ अपने अधीन कर लिया और हमें अपना गुलाम बना लिया। फिर कई आंदोलन और लड़ाई लड़ने के बाद 15 अगस्त 1947 को भारत स्वतंत्र हुआ। हमारे देश के वीर योद्धाओं की वजह से आज हम स्वतंत्र हुए हैं और उन लोगों को श्रद्धांजलि देते हुए इस दिन को मनाते हैं। स्वतंत्रता दिवस भारत के राष्ट्रीय पर्वों मे से एक है,स्वतंत्रता दिवस एक ऐतिहासिक पर्व है, हमारे देश ने अपना अस्तित्व खो दिया था,आज के दिन 75 वर्ष पूर्व पुनः अपनी पहचान मिली। अंग्रेज भारत आए और यहां के परिवेश को बड़े ध्यान से जानने और परखने के बाद, हमारी कमजोरियों को ध्यान में रखते हुए हम पर आक्रमण किया और करीब दो सौ वर्षों तक शासन किया। हमारे वीर योद्धाओं ने कई लड़ाईयां लड़ी और उसके बाद जाके 15 अगस्त 1947 को हमें आज़ादी मिली,तब से लेकर आज तक, हम हर वर्ष 15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस के रूप में मनाते आए हैं। कार्यक्रम का संचालन सोहैल सिद्दीकी ने किया। इस अवसर पर समाजवादी पार्टी के जिला महासचिव यासीन अहमद गद्दी, पूर्व जिला महासचिव साजिद अली, अनवार आलम, शशांक यादव, मोतशाम सिद्दीकी, ओमवीर सिंह यादव, मो.मियाँ, फ़ैज़ान आज़ाद, स्वाले चौधरी, राजू यादव, अब्दुल क़य्यूम, हारुन खाँ, रहीस अहमद, नाज़ली खाँन, सीमा यादव, सलीम उद्दीन, रज़ी उद्दीन अंसारी, ग्यास चौधरी, अहमद परवेज़, गौहर अली, जावेद अली, भगवान सिंह,रावेंद्र कुमार गुप्ता, गौरव भारद्वाज, राजा सिंह, राहुल कुर्मी ध्यान सिंह मोहित कुमार गौसी खाँन, श्याम कुमार, फूल बानो, आपदा संजीव वर्मा राजीव कश्यप तारक खान तौकीर खान, सना, रानी कुमारी, ज़ाहिद गद्दी, सोहैल सैफ़ी, सदाक़त खाँ, चाँद मियाँ, फ़हीम सैफी, अरबाज़ खाँन, सुभाष यादव, जितेंद्र यादव, दीबा हसीब, खुर्रम सैफ़ी, समीर उद्दीन अंसारी, जहीर उल हसन अंसारी, ताबिश अंसारी आदि प्रमुख रूप से उपस्थित रहें।

Leave a Reply

%d bloggers like this: